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पुराने iPhone मॉडल्स (iPhone 15, 16) भारत में ₹5,000 तक महंगे, जानिए क्यों

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तकनीक
📅 28 मार्च 2026 | HeadlinesNow Desk
पुराने iPhone मॉडल्स (iPhone 15, 16) भारत में ₹5,000 तक महंगे, जानिए क्यों - HeadlinesNow Hindi News

🔑 मुख्य बातें

  • Apple ने पुराने iPhone मॉडल्स पर इंसेंटिव बंद किया, जिससे कीमतें बढ़ेंगी।
  • सैमसंग, ओप्पो, वीवो जैसे अन्य ब्रांड्स ने भी स्मार्टफोन की कीमतें बढ़ाई हैं।
  • 2026 में स्मार्टफोन मार्केट में सप्लाई चेन और करेंसी की अस्थिरता जैसी चुनौतियां रहेंगी।

भारत में iPhone के पुराने मॉडल्स जैसे कि iPhone 15 और iPhone 16 खरीदने वाले ग्राहकों को अब ज्यादा कीमत चुकानी पड़ सकती है। Apple ने रिटेलर्स को दिए जाने वाले डिमांड जनरेशन (DG) सपोर्ट यानी इंसेंटिव को बंद करने का फैसला किया है। इस फैसले के कारण कीमतों में लगभग 5,000 रुपए तक की बढ़ोतरी हो सकती है। यह बदलाव इसी हफ्ते से लागू होने की संभावना है। कैशबैक ऑफर्स में कटौती के बाद अब पुराने मॉडल्स की कीमतें भी बढ़ने से ग्राहकों पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा।

क्या है डिमांड जनरेशन सपोर्ट?

मार्केट सूत्रों के अनुसार, डिमांड जनरेशन सपोर्ट एक प्रकार का इंसेंटिव है जो ब्रांड्स अपने रिटेलर्स और चैनल पार्टनर्स को देते हैं। इसका उद्देश्य ग्राहकों को डिस्काउंट देकर उत्पादों की मांग को बढ़ाना होता है। इस सपोर्ट के माध्यम से, रिटेलर्स MRP में बदलाव किए बिना भी ग्राहकों को सस्ते दामों पर फोन उपलब्ध करा पाते थे। अब, इस सपोर्ट के बंद होने से रिटेलर्स पहले की तरह डिस्काउंट नहीं दे पाएंगे, जिससे ग्राहकों के लिए फाइनल बिल में वृद्धि होगी। इसका मतलब है कि अब ग्राहकों को iPhone खरीदने के लिए अधिक पैसे खर्च करने होंगे।

पुराने iPhone मॉडल्स पर ही असर, iPhone 17 सीरीज पर नहीं

सूत्रों के मुताबिक, डिमांड जनरेशन सपोर्ट को हटाने का फैसला केवल पुराने मॉडल्स के लिए ही है। iPhone 17 लाइनअप की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। विशेषज्ञों का कहना है कि Apple ने अपनी फ्लैगशिप सीरीज की MRP में कोई वृद्धि नहीं की है, जबकि अन्य कंपनियों ने अपनी कीमतें बढ़ाई हैं। इस कदम से पुराने मॉडल्स की बिक्री पर असर पड़ सकता है, लेकिन iPhone 17 सीरीज की कीमतें स्थिर रहने से ग्राहकों को राहत मिलेगी।

अन्य ब्रांड्स के स्मार्टफोन भी हुए महंगे

Apple के अलावा, सैमसंग, ओप्पो, वीवो, रियलमी, शाओमी, मोटोरोला और नथिंग जैसे अन्य ब्रांड्स ने भी नवंबर से अपनी कीमतों में वृद्धि की है। मार्च में भी कई मॉडल्स महंगे हुए हैं। कंपनियों का कहना है कि मेमोरी और स्टोरेज के महंगे होने के कारण इनपुट कॉस्ट बढ़ गई है। अपने मुनाफे को बनाए रखने के लिए, कई कंपनियों ने सेल्स टारगेट में 20% तक की कटौती भी की है।

स्मार्टफोन की कीमतें बढ़ने के कारण

स्मार्टफोन की कीमतें बढ़ने के कई कारण हैं, जिनमें कंपोनेंट कॉस्ट में वृद्धि, इंसेंटिव में कटौती और करेंसी वैल्यू में बदलाव शामिल हैं। चिपसेट और स्टोरेज की कीमतें बढ़ने से उत्पादन लागत में वृद्धि हुई है। इसके अतिरिक्त, Apple द्वारा रिटेल डिस्काउंट फंड्स को वापस लेने से भी कीमतों पर असर पड़ा है। डॉलर के मुकाबले रुपए की कमजोरी के कारण भी लागत बढ़ गई है। तकनीक के क्षेत्र में ये बदलाव उपभोक्ताओं पर सीधा असर डाल रहे हैं।

क्या होगा ग्राहकों पर असर?

विशेषज्ञों का मानना है कि कीमतों में वृद्धि के बावजूद, भारत में ज्यादातर iPhone EMI पर खरीदे जाते हैं। ₹5,000 की बढ़ोतरी से मंथली EMI पर ज्यादा असर नहीं पड़ेगा, इसलिए मांग में भारी गिरावट की आशंका कम है। तकनीक बाजार में प्रतिस्पर्धा बनी हुई है, और ग्राहक अपनी आवश्यकताओं के अनुसार खरीदारी कर सकते हैं।

2026 में स्मार्टफोन मार्केट की चुनौतियां

इंटरनेशनल डेटा कॉरपोरेशन (IDC) के अनुसार, 2026 भारतीय स्मार्टफोन सेक्टर के लिए उतार-चढ़ाव भरा रहेगा। सप्लाई चेन दिक्कतें, रुपए की अस्थिरता और बढ़ती कंपोनेंट कीमतें दबाव बढ़ाएंगी। अनुमान है कि इस साल स्मार्टफोन का टोटल शिपमेंट 12-15% घट सकता है, जबकि एपल पोर्टफोलियो में 5-6% ग्रोथ की उम्मीद है। तकनीक के इस दौर में, बाजार की गतिशीलता को समझना महत्वपूर्ण है।

निष्कर्ष

Apple द्वारा पुराने iPhone मॉडल्स पर इंसेंटिव बंद करने से उनकी कीमतें बढ़ेंगी। वहीं दूसरी ओर, अन्य स्मार्टफोन ब्रांड्स ने भी कीमतें बढ़ाई हैं। इन बदलावों के बावजूद, EMI विकल्पों की उपलब्धता के कारण स्मार्टफोन की मांग में भारी गिरावट की संभावना कम है। 2026 में स्मार्टफोन मार्केट में कई चुनौतियां आने की संभावना है, लेकिन Apple को अपने पोर्टफोलियो में ग्रोथ की उम्मीद है।

🔍 खबर का विश्लेषण

Apple द्वारा इंसेंटिव बंद करने से पुराने iPhone मॉडल्स महंगे होंगे, लेकिन EMI विकल्प के कारण मांग में भारी गिरावट की संभावना कम है। अन्य ब्रांड्स की कीमतों में वृद्धि और बाजार की चुनौतियों को देखते हुए, ग्राहकों को सोच-समझकर खरीदारी करने की आवश्यकता है।

❓ अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

❓ Apple ने पुराने iPhone मॉडल्स पर इंसेंटिव क्यों बंद किया?

Apple ने रिटेलर्स को दिए जाने वाले डिमांड जनरेशन सपोर्ट यानी इंसेंटिव को बंद करने का फैसला किया है, जिससे कीमतें बढ़ सकती हैं।

❓ क्या iPhone 17 सीरीज की कीमतों पर भी कोई असर होगा?

नहीं, डिमांड जनरेशन सपोर्ट को हटाने का फैसला केवल पुराने मॉडल्स के लिए है, iPhone 17 लाइनअप की कीमतों में कोई बदलाव नहीं होगा।

❓ अन्य स्मार्टफोन ब्रांड्स ने भी कीमतें क्यों बढ़ाई हैं?

सैमसंग, ओप्पो, वीवो जैसे ब्रांड्स ने मेमोरी और स्टोरेज के महंगे होने के कारण इनपुट कॉस्ट बढ़ने से कीमतें बढ़ाई हैं।

❓ स्मार्टफोन की कीमतें बढ़ने के मुख्य कारण क्या हैं?

स्मार्टफोन की कीमतें बढ़ने के मुख्य कारण कंपोनेंट कॉस्ट में वृद्धि, इंसेंटिव में कटौती और करेंसी वैल्यू में बदलाव हैं।

❓ 2026 में स्मार्टफोन मार्केट के लिए क्या चुनौतियां हैं?

2026 में स्मार्टफोन मार्केट के लिए सप्लाई चेन दिक्कतें, रुपए की अस्थिरता और बढ़ती कंपोनेंट कीमतें जैसी चुनौतियां हैं।

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Published: 28 मार्च 2026 | HeadlinesNow.in

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Journalist covering politics and technology.
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