📅 30 जुलाई 2026 | HeadlinesNow Desk

🔑 मुख्य बातें
- रायन टेन डोएशेट और टी. दिलीप ने भारतीय क्रिकेट टीम का साथ छोड़ा, उनके अनुबंध समाप्त हुए।
- गौतम गंभीर के कार्यकाल में जुड़े टेन डोएशेट ने सफेद गेंद `क्रिकेट` में दिलाई महत्वपूर्ण सफलता।
- टेन डोएशेट के कोलकाता नाइट राइडर्स में वापसी की अटकलें तेज हैं, उनका टीम से पुराना रिश्ता है।
📋 इस खबर में क्या है
भारतीय क्रिकेट टीम के सहयोगी दल में पिछले कुछ दिनों से बड़े बदलाव की अटकलें तेज थीं, जिन पर अब विराम लगता दिख रहा है। सहायक कोच रायन टेन डोएशेट और फील्डिंग कोच टी. दिलीप अब टीम के साथ आगे नहीं बढ़ेंगे। उनके अनुबंध समाप्त हो गए हैं और इन्हें नवीनीकृत नहीं किया गया है, जिससे श्रीलंका दौरे से पहले भारतीय टीम में नए चेहरों का शामिल होना तय माना जा रहा है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ है जब भारतीय टीम इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 और एकदिवसीय दोनों श्रृंखलाओं में हार का सामना कर चुकी है।
मौजूदा जानकारी के अनुसार, रायन टेन डोएशेट ने इंग्लैंड दौरे के दौरान ही भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) को अपने इस फैसले से अवगत करा दिया था। यह रायन ही थे जिन्हें 2024 में टी-20 विश्व कप जीतने के बाद राहुल द्रविड़ का कार्यकाल समाप्त होने पर और गौतम गंभीर के मुख्य कोच बनने पर टीम में शामिल किया गया था। गंभीर की पसंद पर ही उन्होंने टीम के बल्लेबाजी और क्षेत्ररक्षण दोनों विभागों में अहम भूमिका निभाई, जिससे टीम को सफेद गेंद क्रिकेट में काफी सफलता मिली थी।
गंभीर युग में टेन डोएशेट का योगदान और चुनौतियाँ
रायन टेन डोएशेट के कार्यकाल में भारतीय टीम ने सीमित ओवरों के प्रारूप में शानदार प्रदर्शन किया। टीम ने 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी, 2025 का एशिया कप और 2026 का पुरुष टी-20 विश्व कप सफलतापूर्वक अपने पास रखा। यह दिखाता है कि सफेद गेंद `क्रिकेट` में उनकी रणनीतियाँ और प्रशिक्षण काफी कारगर साबित हुए। लेकिन टेस्ट क्रिकेट में टीम का प्रदर्शन आशा के अनुरूप नहीं रहा, यह एक चिंता का विषय बना रहा।
भारत को 2025-26 की बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उनके घर में हार का सामना करना पड़ा। एक और बात — घरेलू मैदान पर भी न्यूजीलैंड ने भारत को 3-0 और दक्षिण अफ्रीका ने 2-0 से हराकर बड़ी निराशा दी। इस मिश्रित प्रदर्शन के बीच, टेन डोएशेट का अगला कदम इंडियन प्रीमियर लीग की टीम कोलकाता नाइट राइडर्स के सहयोगी दल में नई जिम्मेदारी संभालना हो सकता है। यह फ्रेंचाइजी उनके लिए कोई नई जगह नहीं है, क्योंकि बतौर खिलाड़ी उन्होंने 2012 और 2014 में टीम को आईपीएल खिताब जिताने में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। बाद में, 2022 में वह क्षेत्ररक्षण कोच के रूप में फ्रेंचाइजी से जुड़े और 2024 तक टीम के सहयोगी दल का हिस्सा रहे, जब गौतम गंभीर मार्गदर्शक और चंद्रकांत पंडित मुख्य कोच थे। अब एक बार फिर, वे अभिषेक नायर के साथ मिलकर काम करने की तैयारी में हैं, जिनके साथ वे पहले भी भारतीय टीम और कोलकाता नाइट राइडर्स में काम कर चुके हैं।
फील्डिंग कोच टी. दिलीप का दूसरा कार्यकाल समाप्त
फील्डिंग कोच टी. दिलीप का भी भारतीय टीम के साथ दूसरा कार्यकाल समाप्त हो गया है। वह 2021 से 2024-25 की बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी तक क्षेत्ररक्षण कोच रहे थे। इसके बाद, 2025 में इंग्लैंड के टेस्ट दौरे के लिए उन्हें एक वर्ष के कार्यकाल पर दोबारा जिम्मेदारी सौंपी गई थी। बीसीसीआई के सचिव देवजीत सैकिया ने समाचार एजेंसी पीटीआई से बातचीत में स्पष्ट किया कि रायन टेन डोएशेट का कार्यकाल 10 जून को और टी. दिलीप का कार्यकाल 8 जून को समाप्त हो गया था। उन्होंने साफ किया कि यह इस्तीफे स्वीकार करने का मामला नहीं है, बल्कि दोनों का अनुबंध पूरा हो चुका था और उसे आगे नहीं बढ़ाया गया है। बोर्ड ने दोनों को इंग्लैंड दौरे के अंत तक टीम के साथ बनाए रखा था।
आगे की राह: नए चेहरों की तलाश
देवजीत सैकिया ने यह भी बताया कि क्षेत्ररक्षण कोच के पद के लिए दो से तीन नामों पर चर्चा चल रही है और उम्मीद है कि अगले एक-दो दिनों में अंतिम फैसला हो जाएगा। इसका मतलब है कि श्रीलंका दौरे पर भारतीय टीम के साथ एक नया क्षेत्ररक्षण कोच दिखाई देगा। यह बदलाव भारतीय `क्रिकेट` के लिए एक नए अध्याय की शुरुआत का संकेत देता है, जहां टीम को आगामी चुनौतियों के लिए नए सिरे से तैयारी करनी होगी।
गौतम गंभीर की पसंद के कोच का इस तरह से टीम से अलग होना, आगामी समय में टीम की रणनीतियों और प्रदर्शन पर किस तरह का असर डालेगा, यह देखना दिलचस्प होगा। भारतीय `क्रिकेट` को अब एक ऐसे सहयोगी दल की आवश्यकता है जो तीनों प्रारूपों में टीम को स्थिरता और सफलता दिला सके, खासकर जब टीम महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं की ओर देख रही है। यह बदलाव एक मौका भी है, टीम के लिए नए विचारों और नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ने का।
🔍 खबर का विश्लेषण
टेन डोएशेट और दिलीप का जाना टीम के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ है। जहां टेन डोएशेट ने सीमित ओवरों के प्रारूप में टीम को मजबूत किया, वहीं टेस्ट `क्रिकेट` में चुनौतियां बरकरार रहीं। अब नए कोचिंग स्टाफ पर बड़ी जिम्मेदारी होगी कि वह तीनों प्रारूपों में संतुलन बनाए और आगामी महत्वपूर्ण दौरों के लिए टीम को तैयार करे। खासकर, गौतम गंभीर की पसंद के कोच का जाना भविष्य की रणनीति पर सवाल खड़े करता है।
❓ अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
❓ रायन टेन डोएशेट और टी. दिलीप ने भारतीय टीम क्यों छोड़ी?
दोनों सहयोगी स्टाफ सदस्यों का भारतीय टीम के साथ अनुबंध समाप्त हो गया था और बीसीसीआई ने इसे आगे नहीं बढ़ाया, इसलिए उन्होंने टीम का साथ छोड़ा। यह इस्तीफा नहीं था।
❓ रायन टेन डोएशेट का भारतीय टीम के साथ कैसा प्रदर्शन रहा?
रायन टेन डोएशेट के कार्यकाल में भारतीय टीम ने 2025 चैंपियंस ट्रॉफी, 2025 एशिया कप और 2026 टी-20 विश्व कप जैसे सफेद गेंद टूर्नामेंट सफलतापूर्वक जीते, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में टीम का प्रदर्शन कमजोर रहा।
❓ क्या गौतम गंभीर के मुख्य कोच बनने से टेन डोएशेट जुड़े थे?
हाँ, गौतम गंभीर के मुख्य कोच बनने के बाद ही 2024 में रायन टेन डोएशेट को भारतीय टीम के सहयोगी दल में शामिल किया गया था। वह गंभीर की पसंद थे।
❓ रायन टेन डोएशेट का अगला कदम क्या हो सकता है?
मौजूदा जानकारी के अनुसार, रायन टेन डोएशेट इंडियन प्रीमियर लीग की टीम कोलकाता नाइट राइडर्स के सहयोगी दल में नई जिम्मेदारी संभाल सकते हैं, जहाँ उनका पुराना रिश्ता है।
❓ भारतीय टीम के अगले श्रीलंका दौरे के लिए कोचिंग स्टाफ में क्या बदलाव होंगे?
श्रीलंका दौरे से पहले भारतीय टीम के सहयोगी दल में नए चेहरों की एंट्री तय है। फील्डिंग कोच के पद के लिए कुछ नामों पर चर्चा चल रही है और जल्द ही अंतिम फैसला होगा।
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Published: 30 जुलाई 2026 | HeadlinesNow.in

