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इंदौर में सरकारी फार्मासिस्ट के पास 108% अधिक संपत्ति, EOW का छापा

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राष्ट्रीय
📅 05 अगस्त 2026 | HeadlinesNow Desk
इंदौर में सरकारी फार्मासिस्ट के पास 108% अधिक संपत्ति, EOW का छापा - HeadlinesNow Hindi News

🔑 मुख्य बातें

  • इंदौर के एमवाय अस्पताल में फार्मासिस्ट राकेश गोरखे के पास वैध आय से 108% अधिक संपत्ति पाई गई।
  • EOW ने छापेमारी में 1 लाख रुपये नकद, छह संपत्तियों के दस्तावेज और बिना अनुमति थाईलैंड यात्रा के प्रमाण जब्त किए।
  • गोरखे की कुल संपत्ति 2.13 करोड़ रुपये से अधिक है, जबकि उनकी और उनकी पत्नी की वैध आय 1.11 करोड़ रुपये थी।

क्या है मामला: एमवाय अस्पताल के फार्मासिस्ट पर EOW की कार्रवाई

मध्य प्रदेश के इंदौर में आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) ने एमवाय अस्पताल में कार्यरत फार्मासिस्ट राकेश गोरखे के ठिकानों पर आय से अधिक संपत्ति के आरोपों की जांच के लिए मंगलवार को एक बड़ा छापा मारा। इस कार्रवाई में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं— गोरखे के पास उसकी वैध आय से लगभग 108 प्रतिशत अधिक संपत्ति पाई गई है। प्रारंभिक जांच से पता चला है, कि इस अधिकारी ने सरकारी दवाओं के स्टॉक में कथित अनियमितताओं के माध्यम से अपनी संपत्ति में यह असामान्य वृद्धि की हो सकती है। यह घटनाक्रम एक बार फिर से राष्ट्रीय स्तर पर सरकारी कर्मचारियों की आय और पारदर्शिता पर सवाल उठाता है।

EOW की टीम सुबह 8 बजे से दोपहर 1 बजे तक राकेश गोरखे के घर और अन्य संबंधित स्थानों पर गहन छानबीन करती रही। तलाशी के दौरान, टीम ने लगभग 1 लाख रुपये नकद जब्त किए। इसके अतिरिक्त, कई महत्वपूर्ण संपत्ति दस्तावेज और अन्य वित्तीय रिकॉर्ड भी जांच के लिए अपने कब्जे में लिए गए। इन दस्तावेजों से पता चलता है कि गोरखे ने कई संपत्तियों की जानकारी अपने विभाग को नहीं दी थी, जो कि नियमों का सीधा उल्लंघन है।

जांच में क्या मिला: थाईलैंड यात्रा से लेकर करोड़ों की संपत्ति तक

राकेश गोरखे की नियुक्ति वर्ष 2007 में फार्मासिस्ट के पद पर हुई थी। EOW द्वारा जुटाए गए आंकड़ों के मुताबिक, 2015 में उनका मासिक वेतन 18,711 रुपये था, जो 2025 तक बढ़कर 54,664 रुपये हो गया। उनकी पत्नी कीर्ति गोरखे, जो 2010 से शासकीय दंत चिकित्सालय में लाइब्रेरियन हैं, अभी 42,402 रुपये मासिक वेतन प्राप्त करती हैं। जांच अवधि (चेक पीरियड) के दौरान, इस दंपत्ति की कुल वैध आय 1 करोड़ 11 लाख 31 हजार 383 रुपये आंकी गई है। लेकिन, उनके पास से 2 करोड़ 13 लाख 85 हजार रुपये से अधिक की चल-अचल संपत्ति मिली, जो उनकी वैध आय से लगभग 108 प्रतिशत अधिक है। यह विसंगति सरकारी तंत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार की ओर इशारा करती है, जिसका असर राष्ट्रीय विकास पर पड़ता है।

EOW की कार्रवाई में इंदौर के विभिन्न इलाकों में स्थित छह संपत्तियों का खुलासा हुआ। इनमें स्कीम नंबर-140 स्थित वृंदावन गार्डन में एक दो मंजिला मकान, साकार एनआरआई सिटी में एक बड़ा प्लॉट, साहिल इंद्रांचल होम्स, संघवी रेजीडेंसी और सद्गुरु नंदी विहार में प्लॉट शामिल हैं। इतना ही नहीं, ओमेक्स डेवलपर्स में प्लॉट बुकिंग के लिए 6.70 लाख रुपये का भुगतान भी मिला है, जो बिना स्पष्टीकरण के है। छापेमारी के दौरान जब्त पासपोर्ट से एक और महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई— राकेश गोरखे ने अक्टूबर 2023 में बिना किसी विभागीय अनुमति के थाईलैंड की यात्रा की थी। EOW अब इस विदेश यात्रा पर हुए खर्च का आकलन कर रही है, जिसे आरोपी के कुल व्यय में शामिल किया जाएगा, जिससे उसकी आय और व्यय के बीच के अंतर को और स्पष्ट किया जा सके।

आगे क्या हो सकता है: विभागीय जांच और कानूनी कार्रवाई

यह मामला केवल आय से अधिक संपत्ति तक सीमित नहीं है। राकेश गोरखे का विवादों से पुराना नाता रहा है। कुछ महीने पहले, उनका एमवाय अस्पताल के तत्कालीन डीन के निजी सहायक (पीए) भावेश उपाध्याय के साथ सार्वजनिक तौर पर विवाद हुआ था। उस घटना के दौरान, राकेश गोरखे पर बेल्ट से मारपीट करने का आरोप लगा था, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल भी हुआ था। इस मामले में पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच की थी, जो उनकी अनुशासनहीनता और अनैतिक आचरण को दर्शाती है।

फिलहाल, EOW द्वारा जब्त किए गए दस्तावेजों की गहन जांच और सभी संपत्तियों के सत्यापन की कार्रवाई जारी है। इस मामले की विस्तृत जांच के बाद राकेश गोरखे के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई हो सकती है। यह जांच सरकारी सेवा में ईमानदारी और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। ऐसे मामले राष्ट्रीय स्तर पर सुशासन के महत्व को रेखांकित करते हैं।

🔍 खबर का विश्लेषण

यह मामला सरकारी तंत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार की गंभीर तस्वीर पेश करता है। एक फार्मासिस्ट की आय से 108% अधिक संपत्ति मिलना, सरकारी संसाधनों के दुरुपयोग और जवाबदेही की कमी को दर्शाता है। इससे सार्वजनिक सेवाओं पर जनता का भरोसा कम होता है और ईमानदारी से काम करने वाले अधिकारियों का मनोबल टूटता है। इस तरह के मामलों में त्वरित और कठोर कार्रवाई आवश्यक है ताकि भविष्य में ऐसी गतिविधियों को रोका जा सके और शासन में पारदर्शिता को बढ़ावा मिल सके।

❓ अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

❓ फार्मासिस्ट राकेश गोरखे पर क्या आरोप लगे हैं?

राकेश गोरखे पर आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप है। EOW की जांच में उनकी वैध आय से लगभग 108 प्रतिशत अधिक संपत्ति का खुलासा हुआ है।

❓ EOW की छापेमारी में क्या-क्या बरामद हुआ है?

छापेमारी में लगभग 1 लाख रुपये नकद, छह विभिन्न संपत्तियों से संबंधित दस्तावेज, बैंक पासबुक और राकेश गोरखे का पासपोर्ट जब्त किया गया है। थाईलैंड यात्रा के प्रमाण भी मिले हैं।

❓ क्या राकेश गोरखे पहले भी किसी विवाद में रहे हैं?

जी हाँ, राकेश गोरखे पहले भी विवादों में रह चुके हैं। कुछ महीने पहले उनका एमवाय अस्पताल के तत्कालीन डीन के पीए से मारपीट का मामला सामने आया था, जिसका वीडियो भी वायरल हुआ था।

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Published: 05 अगस्त 2026 | HeadlinesNow.in

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